<p style="text-align: justify;">चीन के उत्तरी प्रांत शांक्सी में एक कोयला खदान में हुए भीषण गैस धमाके में कम से कम 90 लोगों की मौत हो गई. इसे साल 2009 के बाद चीन का सबसे बड़ा और खतरनाक माइनिंग हादसा माना जा रहा है. सरकारी मीडिया शिन्हुआ के अनुसार यह हादसा शुक्रवार (22 मई 2026) की देर रात किनयुआन काउंटी की लिउशेन्यू कोयला खदान में हुआ. उस समय खदान में 247 मजदूर काम कर रहे थे. कॉर्पोरेट डेटा बेस किचाचा के मुताबिक इस खदान का संचालन शांक्सी टोंगझोउ ग्रुप लिउशेन्यू कोल इंडस्ट्री करती है. कंपनी की स्थापना साल 2010 में हुई थी और इसे शांक्सी टोंगझोउ कोल कोकिंग ग्रुप कंट्रोल करता है.</p>
<p style="text-align: justify;">स्थानीय इमरजेंसी मैनेजमेंट अथॉरिटी ने बताया कि हादसे के बाद बड़े स्तर पर राहत और बचाव अभियान चलाया जा रहा है. साथ ही धमाके के कारणों की जांच भी शुरू कर दी गई हैशांक्सी प्रांत को चीन का सबसे बड़ा कोयला खनन क्षेत्र माना जाता है और यहां बड़ी संख्या में कोयला खदानें मौजूद हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/7WyvPtEswyo?si=btYuHFsZR7-Pdsp7" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
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<p style="text-align: justify;"><strong>राष्ट्रपति शी जिनपिंग का बयान</strong></p>
<p style="text-align: justify;">चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि घायलों के इलाज और बचाव कार्य में कोई कमी नहीं होनी चाहिए.उन्होंने हादसे की पूरी जांच करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं.चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी समय पर सही जानकारी देने और जिम्मेदारी तय करने पर जोर दिया है. शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार खदान संचालन से जुड़े कंपनी अधिकारियों को हिरासत में ले लिया गया है. वहीं किनयुआन इमरजेंसी मैनेजमेंट ब्यूरो ने बताया कि शांक्सी प्रांत से 755 लोगों की सात रेस्क्यू और मेडिकल टीमें मौके पर भेजी गई हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>पहले भी हो चुके हैं बड़े हादसे</strong></p>
<p style="text-align: justify;">चीन में पहले कोयला खदानों में सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल उठते रहे हैं. हालांकि 2000 के बाद सरकार ने नियम सख्त किए, जिससे हादसों में कमी आई. साल 2009 में हेइलोंगजियांग प्रांत में कोयला और गैस धमाके में 108 लोगों की मौत हुई थी और 133 लोग घायल हुए थे.</p>
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