- प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी, बचाव जारी।
असम के धेमाजी जिले के जोनाई में लगातार हो रही बारिश और डिकारी नदी के जलस्तर में अचानक आई भारी वृद्धि ने भीषण तबाही मचा दी है. फ्लैश फ्लड के कारण जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है, जबकि 15 से अधिक लोग नदी के बीच स्थित एक चार (रेतीले टापू) पर फंस गए हैं.
डिकारी नदी का जलस्तर रविवार (28 जून, 2026) की सुबह अचानक बढ़ने से तेलाम के कोराइबाड़ी चार को चारों ओर से बाढ़ के पानी ने घेर लिया. इसके चलते वहां मौजूद 15 से अधिक लोग सुबह से ही फंसे हुए हैं. स्थानीय लोगों के अनुसार, करीब 100 मवेशी भी उनके साथ चार पर फंसे हुए हैं. लगातार बढ़ते जलस्तर के कारण लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाना मुश्किल हो गया है.
SDRF की टीम के साथ रेस्क्यू में जुटे स्थानीय लोग
डिकारी नदी का उफनता पानी कई निचले इलाकों, रिहायशी बस्तियों, सड़कों और कृषि भूमि में घुस गया है. कई गांवों का संपर्क टूट गया है, जबकि अनेक परिवारों को अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर जाना पड़ा है.
फ्लैश फ्लड के दौरान एक रिसॉर्ट संचालित कर रहा दंपति भी बाढ़ के पानी में फंस गया था. तेज बहाव के बीच स्थानीय लोगों और एसडीआरएफ की मदद से दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला गया. वहीं, एक अन्य स्थान पर सड़क किनारे स्थित एक ढाबे में फंसे चार लोगों को भी सफलतापूर्वक बचा लिया गया.
एक अधिकारी ने बताया, ‘अचानक आई फ्लैश फ्लड में एक रिसॉर्ट चला रहा दंपति फंस गया था. तेज बहाव और तेजी से बढ़ते जलस्तर के कारण उनके पास पहुंचने में काफी कठिनाई हुई. हमने तुरंत पाडीघाट स्थित एसडीआरएफ टीम को सूचना दी. स्थानीय लोगों के सहयोग से आखिरकार दंपति को सुरक्षित बचा लिया गया. दूसरी जगह एक ढाबे में चार लोग फंस गए थे, जिन्हें भी सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.’
नदी के बीच चार पर से लोगों का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
स्थानीय लोगों से सूचना मिलने के बाद जोनाई प्रशासन ने राहत और बचाव अभियान शुरू किया और एसडीआरएफ की टीमों को मौके पर रवाना किया. हालांकि, कोराइबाड़ी चार में फंसे 15 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकालने का अभियान जारी था.
जिला प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और नदी किनारे तथा निचले इलाकों से दूर रहने की अपील की है. लगातार बारिश और डिकारी नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने चेतावनी दी है कि स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है.
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