आनंद महिंद्रा ने वैभव सूर्यवंशी के उदाहरण से समझाया ‘प्रेशर’ हैंडल करने का तरीका

आनंद महिंद्रा ने वैभव सूर्यवंशी के उदाहरण से समझाया ‘प्रेशर’ हैंडल करने का तरीका


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  • युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी ने फाइनल में शानदार प्रदर्शन किया.
  • आनंद महिंद्रा ने वैभव की मानसिक दृढ़ता की सराहना की.
  • पिछली बहस के बाद वैभव ने बल्ले से दमदार जवाब दिया.

Vaibhav Suryavanshi: भारतीय क्रिकेट टीम में 15 साल के युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Suryavanshi) इन दिनों सबके चहेते बने हुए हैं. दांबुला के रणगिरि दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम बीते 21 जून को भारत ए और श्रीलंका ए के बीच खेली गई ट्राई-नेशन सीरीज के फाइनल में उन्होंने अपनी तूफानी पारी से आलोचकों को करारा जवाब दिया. उनकी इस शानदार उपलब्धि ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा. इसमें क्रिकेट जगत में उनके प्रशंसकों से लेकर पूर्व क्रिकेट खिलाड़ी व कारोबार जगत के दिग्गज भी शामिल हैं. इन्हीं में से एक हैं आनंद महिंद्रा (Anand Mahindra), जिन्होंने उनकी जमकर तारीफ की. 

आनंद महिंद्रा ने क्या कहा? 

मशहूर उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर युवा क्रिकेट सनसनी वैभव की बल्लेबाजी से ज्यादा प्रेशर हैंडल करने की क्षमता और उनकी  मानसिक दृढ़ता की तारीफ की. एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा, वैभव की इस ऐतिहासिक पारी से भी ज्यादा उनके टेंपरामेंट (मानसिक संतुलन और धैर्य) ने उनका दिल जीत लिया. उन्होंने वैभव का उदाहरण देते हुए समझाया कि जीवन और करियर में दबाव को धैर्य और मनोबल के साथ किस तरह से हैंडल करना चाहिए.

बल्ले से लिया बदला

इस मैच से ठीक पहले 15 जून को वैभव की श्रीलंका-ए के खिलाड़ियों से तीखी बहस हो गई थी. दरअसल, 15 जून को खेले गए सुपर ओवर में इंडिया-ए की टीम श्रीलंका-ए की टीम से हार गई थी. श्रीलंका की जीत के जश्न और छींटाकशी के बीच वैभव की श्रीलंकाई फील्डर विशेन हलंबगे (Vishen Halambage) से तीखी बहस हो गई थी.  बात आगे बढ़ते हुए धक्का-मुक्की तक पहुंच गई. मैदान पर हुए इस विवाद के बाद रेफरी में दोनों खिलाड़ियों के खिलाफ एक्शन लेते हुए 50% तक मैच फीस काटने का भी फैसला लिया.

सुपर ओवर में इंडिया-ए की टीम श्रीलंका-ए की टीम में हार भी गई थी. हालांकि, मैदान में श्रीलंकाई खिलाड़ियों के तंज कसने की स्थिति में भी वैभव ने अपना आपा न खोते हुए कल 21 जून को खेले गए मैच में अपनी पूरी ताकत झोंक दी और अपने बल्ले से लंका से सूद समेत बदला लिया. कल ग्रैंड फिनाले में इंडिया-ए ने श्रीलंका-ए को 66 रनों से करारी शिकस्त देते हुए ट्रॉफी पर अपना कब्जा जमा लिया. 

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