Iran US Tension in Middle East: ईरान के मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बाकिर गालिबाफ ने रविवार को वॉशिंगटन और तेहरान के बीच जारी संघर्ष के खत्म होने को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि ईरान ऐसे किसी भी समझौते को तब तक स्वीकार नहीं करेगा, जब ईरानी लोगों के अधिकार सुरक्षित न हो जाएं.
गालिबाफ दोबारा से ईरान की संसद के स्पीकर चुने गए हैं. ऐसे में उन्होंने कहा कि दुश्मन के शब्दों और वादों का कोई भरोसा नहीं है. हमारा एकमात्र पैमाना अपनी प्रतिबद्धताओं को पूरा करने के बदले में ठोस नतीजे हासिल करें.
अमेरिका ने इंटरव्यू में कहा- अगर समझौता नहीं होता तो..
शनिवार को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका और ईरान एक बहुत अच्छे समझौते के करीब हैं. अगर वॉशिंगटन को वह नहीं मिलता जो वह चाहता है, तो वह इसे किसी दूसरे तरीके से खत्म कर देगा. ट्रंप का यह बयान बहू लारा ट्रंप के एक इंटरव्यू के बाद आया है. इस इंटरव्यू का प्रसारण फॉक्स न्यूज पर किया गया था.
ये भी पढ़ें
‘प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन न करने पर…’, होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को ईरान ने फिर दी धमकी
ईरानी एक अच्छे वार्ताकार हैं, अमेरिका के पास सारे पत्ते
ट्रंप ने माना है कि ईरान के लोग एक अच्छे वार्ताकार हैं. उन्होंने यह भी तर्क दिया कि अब सारे पत्ते अमेरिका के हाथ में हैं. ट्रंप का कहना है कि ईरान सैन्य रूप से हार चुका है. लेकिन हम एक बहुत अच्छे समझौते के करीब हैं. अगर हम इसे कर पाते हैं, तो अच्छा है. वरना हम बस डिपार्टमेंट ऑफ वॉर के साथ काम शुरू कर देंगे.
इधर, अमेरिका और ईरान के बीच 28 फरवरी से तनाव बना हुआ है. अमेरिका ने इजरायल के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए ईरान पर हमला कर दिया था. इसके बाद से ही मिडिल ईस्ट जंग का मैदान बना हुआ है. फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता चल रही है, ऐसे में दोनों देशों के बीच सीजफायर जारी है.
इधर, खबर है कि ईरान ने दक्षिण पार्स गैस इलाके में तीन ऑफशेयर प्लेटफॉर्म पर गैस प्रोडक्शन फिर से शुरू कर दिया है. इन का प्रोडक्शन तब रोकना पड़ा था, जब इजरायली हमलों के कारण कुछ ऑनशोर सुविधाओं पर प्रोसेसिंग क्षमता बाधित हुई थीं.
ये भी पढ़ें
बूंद-बूंद को तरस गया पाकिस्तान का कराची, पहलगाम आतंकी हमले पर बुरी तरह पछता रहे होंगे आसिम मुनीर!





